आखिर अखबार के नीचे चार रंगीन बिंदुओं का क्या होता है अर्थ? क्यों किया जाता है इसको प्रिंट

आजकल के समय में लोग अपने कामकाज में काफी व्यस्त रहते हैं और व्यस्त जीवनशैली होने के बावजूद भी वह दुनिया भर की खबरें जानने की कोशिश करते हैं, वैसे देखा जाए तो देश-विदेश की खबरों की जानकारी के लिए न्यूज़ चैनल एक सही माध्यम है परंतु इसके अलावा अखबार के जरिए भी हम पूरी दुनिया में हो रही विभिन्न घटनाओं के बारे में जानकारी हासिल कर सकते हैं, लगभग सभी लोग न्यूज़पेपर अवश्य पढ़ते होंगे और देश-विदेश में होने वाली रोजाना नई नई घटनाओं को आप अखबार के माध्यम से जानते होंगे, भले ही सभी लोग अखबार पढ़ते हो परंतु अखबार में ऐसी बहुत सी चीजें होती है जिन पर व्यक्ति अक्सर ध्यान नहीं देता है, अगर आप लोगों ने कभी गौर किया होगा तो आपको अखबार के नीचे की तरफ 4 रंग की बिंदु दिखाई देगी लेकिन कई बार लोगों की नजर इन चार रंगीन बिंदुओं पर पड़ती है परंतु वह इस पर बिल्कुल भी ध्यान नहीं देते हैं, ज्यादातर लोगों को इस बात की जानकारी नहीं है कि आखिर यह 4 रंग के बिंदु का क्या अर्थ होता है? आखिर अखबार के अंदर इन चार रंगीन बिंदुओं का क्या मतलब और क्या कार्य है?.

आप लोगों में से कई लोग ऐसे भी होंगे जिनकी नजर अखबार के नीचे बनी चार रंग की बिंदुओं पर पड़ी होगी और कभी आपके मन में ख्याल आया होगा कि आखिर यह चार रंगीन बिंदु अखबार पर क्यों बने हुए हैं? इसका क्या मतलब होता है? अगर आपके मन में भी यह सवाल आया है तो आज हम आपको इस लेख के माध्यम से इस सवाल का जवाब देने वाले हैं, इस जानकारी को पढ़ने के बाद आपको यह पता लग जाएगा कि अखबार के नीचे चार रंगीन बिंदुओं का क्या मतलब होता है?.

अगर हम पहले के अखबारों की बात करें तो पहले के अखबार काले और सफेद रंग में छापे जाते थे यानी कि पहले अखबार रंगीन नहीं हुआ करते थे, यह ब्लैक और वाइट रंग में प्रिंट हुआ करते थे, जैसे-जैसे समय व्यतीत होता गया वैसे-वैसे अखबारों का लुक भी चेंज होता रहा, अखबारों में आकर्षक विज्ञापन, रंगीन तस्वीरें इत्यादि छपने लगी है, जिसकी वजह से अक्सर लोग अखबार में मौजूद कुछ हिस्सों पर ध्यान नहीं देते हैं, अखबारों में नीचे की तरफ चार रंगीन बिंदु बने होते हैं और कई बार इनकी आकृति भी भिन्न होती है, कुछ अखबारों में तो यह बिंदु कोने में भी छपे होते हैं।

अखबारों में जो बिंदी बनी होती है वह मुख्य तौर पर तीरे रंग लाल, पीला और नीला होती है, ठीक इसी प्रकार से यही पैटर्न प्रिंटर में भी लगता है, लेकिन इसमें एक रंग और काला जुड़ जाता है, यह चार बिंदिया CMYK में बनी है, C का मतलब नीला, M का मतलब गुलाबी, Y का मतलब पीला, K का मतलब काला है, 4 रंगों के सही अनुपात को जोड़कर किसी भी रंग को प्राप्त किया जाता है, जब इमेज को प्रिंट किया जाता है तो इन सभी रंगों की प्लेटें एक पेज पर अलग से रखी जाती है और छपाई करने के दौरान एक ही लाइन में होती है, अगर अखबारों की तस्वीरें धुंधली होती है तो इसका मतलब होता है कि इन चार रंगों की प्लेट्स ओवरलैप हो गई है, रोजाना बहुत अखबार प्रिंट किए जाते हैं, इसलिए शारीरिक रूप से कागज के सभी पृष्टो की जांच करना काफी मुश्किल होता है, इसलिए जो प्रिंटर काफी सालों से काम कर रहा है उसके लिए यह जानना आसान होता है कि CMYK कैसा दिख रहा है, अगर कुछ गलत होता है तो वह इसको ढूंढ लेता है, यह रंगीन बिंदिया प्रिंटर के मार्कर के रूप में काम करती हैं।

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